चाहत - लेखक मनोहर की
चाह नहीं मैं एम.पी. बनकर,
संसद में बहस लगाऊँ;
चाह नहीं मैं वक्ता बनकर,
दुनिया को हीं मूर्ख बनाऊँ;
चाह नहीं मैं पहलवान बनकर,
कमजोरों को खूब सताऊँ;
चाह नहीं मैं मालिक बनकर,
ऑर्डर नौकर पर बेहिसाब चलाऊँ;
चाह नहीं मैं उद्योगपति बनकर,
रूपया-डॉलर बेशुमार कमाऊँ;
चाह नहीं मैं पढ़-लिख कर,
डॉक्टर-इंजीनियर बन जाऊँ;
चाह नहीं मैं नेता बनकर,
जनता को लेक्चर सुनाऊँ;
बस यही चाह एक मेरी की,
हृदय-व्यथा लिख लेखक बन जाऊँ;
अनुभव-ए-मनोहर के साहित्य से मैं,
समाज को सत्य का बेखौफ दर्पण दिखलाऊँ |
लेखक - मनोरंजन कुमार श्रीवास्तव
पता- निकट शीतला माता मंदिर , शितला नगर , ग्राम तथा पोस्ट - बिजनौर , जिला - लखनऊ , उत्तर प्रदेश , भारत , पिन - 226002
सम्पर्क - 8787233718
E-mail - manoranjan1889@gmail.com
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